साहित्यकार परिचय के इस विशेष अंश में आज वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर डॉ. सरोज दुबे जी की साहित्यिक यात्रा पर गौर करते हैं। साहित्य की दुनिया में निरंतर सृजन, समर्पण और अथक परिश्रम के बल पर छत्तीसगढ़ की डॉ. सरोज दुबे ‘विधा’ ने वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाकर राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित की है। छत्तीसगढ़ की इस प्रतिभाशाली साहित्यकार ने न केवल लेखन की विविध विधाओं में उल्लेखनीय योगदान दिया है, बल्कि साहित्यिक संगठनों के माध्यम से साहित्य सेवा का भी महत्वपूर्ण कार्य कर रही हैं।

एम.ए. एल.एल.बी. शिक्षित डॉ. सरोज दुबे ‘विधा’ गद्य, पद्य तथा छंदबद्ध रचनाओं की सशक्त हस्ताक्षर हैं। दोहा, चौपाई, रोला, सोरठा, कुण्डलिया, गीतिका, माहिया, हाइकु, ग़ज़ल, सवैया, घनाक्षरी, आल्हा, नवगीत, लघुकथा, कहानी, संस्मरण तथा निबंध सहित अनेक साहित्यिक विधाओं में उनकी रचनात्मकता उल्लेखनीय है।
प्रमुख रचनाएं : डॉ दुबे की पांच एकल कृतियाँ प्रकाशित हो चुकी हैं, जिनमें ‘सरोज की कुण्डलिया’, ‘सरोज के नवगीत’, ‘छंद दर्पण’, ‘श्री गणेश चालीसा’ तथा ‘श्री शिव चालीसा’ प्रमुख हैं। इसके अतिरिक्त ‘भावाशीष’ (दोहा सतसई संग्रह) एवं ‘मन का पंछी’ (गीत-नवगीत संग्रह) प्रकाशनाधीन हैं। उनकी रचनाएँ देशभर की अनेक प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं तथा लगभग 100 साझा संकलनों में प्रकाशित हो चुकी हैं।

संपादन क्षेत्र में भी उन्होंने महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने ‘अनुनाद लघुकथा संग्रह’, ‘काव्य गंगा’, ‘काव्य सुगंधित उपवन के’, ‘छत्तीसगढ़ की प्रतिभाशाली हिन्दी कवयित्रियां’ तथा ‘पारिजात लघुकथा संग्रह’ जैसी पुस्तकों के संपादन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
सम्मान एवं पुरुस्कार :-
डॉ. सरोज दुबे ‘विधा’ को साहित्यिक योगदान के लिए 100 से अधिक राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय सम्मान प्राप्त हो चुके हैं। ‘अनुनाद लघुकथा’ के संपादन हेतु उन्हें गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड से सम्मानित किया गया। वहीं इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड, भारत कीर्ति अलंकरण, आयुष कीर्ति अलंकरण, महादेवी वर्मा शिखर सम्मान, सुमित्रानंदन पंत सम्मान, छत्तीसगढ़ साहित्य रत्न सम्मान, राष्ट्र भाषा शिखर सम्मान तथा अनेक प्रतिष्ठित सम्मानों से उन्हें अलंकृत किया जा चुका है।

1.अनुनाद लघुकथा के संपादन के लिए ‘गोल्डन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड’ से सम्मानित।2.भारत को जानें ग्रंथ में-छत्तीसगढ़ पर लिखे दोहे चौपाई एवं गीत के लिए इण्डिया बुक ऑफ रिकॉर्ड 3.ऑफिसियल वर्ल्ड रिकॉर्ड स्पेन द्वारा सहभागिता सम्मान।साथ ही दिल्ली के सभागार में *वरिष्ठ कवि श्री सुरेन्द्र दुबे जी के द्वारा 4.भारत कीर्तिअलंकरणसे सम्मानित।5. आयुर्वेद को जानें -विश्व कीर्तिमान से अलंकृत *ग्रंथ में सहभागिता एवं दोहे सृजन के लिए दिल्ली के सभागार में. 6.आयुष कीर्ति अलंकरण से सम्मानित। 7.महान कवि सुमित्रानंदन पंत सम्मान। 8.महादेवी वर्मा शिखर सम्मान। 9.नवगीत संग्रह के लिए-10.कवि रत्न नीरज सम्मान।11.छत्तीसगढ़ साहित्य रत्न सम्मान।12..राष्ट्र भाषा शिखर सम्मान।13.कथा शिल्पी सम्मान।14.दोहा शिरोमणि सम्मान।15.कुण्डलिया विधा रत्न सम्मान।16.शिक्षक साहित्य परिषद द्वारा एक पेड़ माँ के नाम सम्मान।17.कुण्डलिया शतकवीर सम्मान। 18.उल्लालाशतकवीर सम्मान।19.आल्हा शतकवीर सम्मान20. माहिया शतकवीर सम्मान21.विज्ञातबेरी शतकवीर सम्मान।22. गीत -नवगीत शतकवीर सम्मान।आदि अनेकों छंदो में सृजन के लिए सम्मान।23.निबंध प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार।24..महिला शिखर सम्मान।25.एक्सीलेंट लेडी अवार्ड।26.वाग्यदेवी सम्मान।27.आगमन संगोष्ठी सम्मान।28.छत्तीसगढ़ डायमंड पोयट्री अवार्ड।29.श्रेष्ठ प्रस्तुति अवार्ड।30..साहित्योदय शिवायन सम्मान 31..आख्यान सृजन सम्मान।32.विज्ञात नवगीत रत्न सम्मान।33.संस्मरण के लिए स्मृति पुंज सम्मान।34..यूथ वर्ल्ड इण्डियन आइकॉन अवार्ड।35.,अनुनाद कथा शिल्प सम्मान।36..इण्डियन बेस्टिज अवार्ड।37.लेखन सम्मान।38..छंद सारथी सम्मान।39..कलम काव्य सम्मान।40..विश्व साहित्य हिन्द भारती सम्मान।41.सर्व श्रेष्ठ संचालक सम्मान।42.स्वतंत्र भारत काव्य रत्न सम्मान।43..उत्कृष्ट प्रस्तुति सम्मान।44.दोहा साधक सम्मान।45.सर्वश्रेष्ठ समीक्षक सम्मान।46..राष्ट्र गौरव कलम सम्मान।47.कलम काव्य सम्मान।48..कलम काव्य गौरव सम्मान।49.नर्मदा के रत्न साहित्य सम्मान।50.काव्य सृष्टि साहित्य सम्मान।51.कल्पना चावल मेमोरियल अवार्ड।52.नारी रत्न सम्मान।53.उजेश साहित्य सम्मान।54.नारी शक्ति अवार्ड।55..सशक्त नारी सम्मान।56.यूट्यूब पर उत्कृष्ट प्रस्तुति सम्मान।एवं अनेकों साहित्यिक सम्मान।56.कीचन क्विन सम्मान।57.नवभारत सुरुचि क्लब द्वारा -बेस्ट लुकिंग अवार्ड।58.एकल अभिनय अवार्ड।59.स्वर साम्राज्ञाी सम्मान।60.एकल अभिनय प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार।61.भाषण प्रतियोगिता में पुरस्कार।62.श्रृंगार प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार।63.मदर क्विन की उपाधि।64.फैंसी ड्रेस प्रतियोगिता में प्रथम पुरस्कार।
इसी क्रम में 100 से अधिक साहित्यिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक सम्मान।
भूमिकाएं :–
साहित्य सृजन के साथ-साथ वे विभिन्न साहित्यिक एवं सामाजिक संगठनों में नेतृत्वकारी भूमिका निभा रही हैं। वे साहित्य विधा मंच की संस्थापिका, विश्व हिंदी रचनाकार मंच रायपुर इकाई की अध्यक्ष, अंतर्राष्ट्रीय महिला मंच रायपुर इकाई की कार्यकारिणी अध्यक्ष तथा कई अन्य साहित्यिक संस्थाओं में महत्वपूर्ण दायित्व निभा रही हैं।
आकाशवाणी रायपुर एवं अंबिकापुर से उनका काव्य पाठ और साक्षात्कार प्रसारित हो चुका है। उनका यूट्यूब चैनल “सरोज की कविताएँ” भी साहित्य प्रेमियों के बीच लोकप्रिय है। डॉ . सरोज दुबे जी के आधिकारिक यूट्यूब चैनल से जुड़ें यहाँ क्लिक करे ।
डॉ. सरोज दुबे ‘विधा’ का साहित्यिक जीवन इस बात का उदाहरण है कि निरंतर परिश्रम, रचनात्मकता और साहित्य के प्रति समर्पण से व्यक्ति न केवल अपनी पहचान स्थापित कर सकता है, बल्कि समाज को सकारात्मक दिशा देने का कार्य भी कर सकता है। आज वे छत्तीसगढ़ ही नहीं, बल्कि देशभर के साहित्यकारों और नवोदित रचनाकारों के लिए प्रेरणा स्रोत बनी हुई हैं।

परिचय ; डॉ. सरोज दुबे ‘विधा’
विशेष उपलब्धि : वर्ल्ड रिकॉर्ड होल्डर
मानद उपाधि : Honorary Doctorate (ITMUT, दिल्ली) – 15 अप्रैल 2023
जन्म : 02 मई
शिक्षा : एम.ए., एल.एल.बी.
पिता : (स्व.) श्री रमेश चंद्र पाण्डेय (सी.एम.ओ.)
माता : श्रीमती माया पाण्डेय
पति : श्री आशीष दुबे (व्यवसायी)
संप्रति : लेखिका, छंदकार एवं साहित्यकार
डॉ. सरोज दुबे ‘विधा’ हिंदी साहित्य की बहुमुखी प्रतिभा सम्पन्न रचनाकार हैं। उन्होंने गद्य, पद्य एवं छंदबद्ध साहित्य की विविध विधाओं में उल्लेखनीय सृजन किया है। उनकी रचनाधर्मिता में दोहा, चौपाई, रोला, सोरठा, कुण्डलिया, गीतिका, माहिया, हाइकु, कहमुकरी, गीत, नवगीत, ग़ज़ल, सवैया, घनाक्षरी, आल्हा छंद, उल्लाला छंद सहित अनेक छंदों का समावेश है।
इसके अतिरिक्त उन्होंने लघुकथा, कहानी, निबंध, संस्मरण, एकल अभिनय स्क्रिप्ट तथा अन्य साहित्यिक विधाओं में भी विपुल लेखन किया है। साहित्य के प्रति उनकी समर्पित साधना, सृजनशीलता और बहुआयामी लेखन उन्हें समकालीन हिंदी साहित्य जगत में विशिष्ट पहचान प्रदान करता है।

